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Forbidden Love – A Poem

Ah, now I get it was always meant to be like that, even when there were no obvious restrictions and yet I fabricated them, felt them as if they were more than real. I messed up things when it was all so easier, why it seems easy...

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क्यूँ प्रेम पगे मेरे मन को

क्यूँ प्रेम पगे मेरे मन को तुम ठेस लगाया करते हो, खुद भी तुम आहत होते हो मुझको भी रुलाया करते हो।   अधिकार नहीं मेरा कोई तुम वर्जित फल मेरी ख़ातिर, उस सुखद स्वप्न के जैसे तुम जो हो ही नहीं सकता ज़ाहिर, ये सब सच है माना मैंने...

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‘गण’ और ‘तंत्र’

‘तंत्र’ तो संगठित है पर ‘गण’ कहीं बिखरे पड़े, तंत्र हमको लूटता है, गण हैं आपस में लड़े। तंत्र तो पैदा हुआ था गण की सुविधा के लिए, दास था जो क्यों मचलता स्वामी बनने के लिए। बाँट रखा आज गण को स्वार्थ, जाति...

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जब मर्म पुराना जगता है

जब मर्म पुराना जगता है, मत पूछो कैसा लगता है। दिल में होता है दर्द कोई, और मन ये रोने लगता है। आँखें पथरा सी जाती हैं, और साँसें भी थम जाती हैं, कितना भी रोकूँ अश्कों को, वो मुझको नम कर जाती हैं। एक कसक हमेशा इस दिल में, हर पल...

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प्रिये, मैं तुममें हूँ सदा

प्रिये, मैं तो तुममें ही रहा हूँ सदा कुछ नहीं होने की तरह सदा सुलभ रहा तुम्हारे लिए बस तेरी एक आलिंगन की प्रतीक्षा में और सबकुछ हो जाने की सनक में। और तुम? तुम भी मुझमें रही हमेशा किसी भयावह रात की तरह चुराकर मेरे हृदय की आग तुम...

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Don’t Leave Me

I know my words were not that of a kind person Hurting words that should have never entered my mind But they did, and they can be erased in time. Just watch you’ll see I’ll try harder, it’ll get better I promise...

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कौन से रंग का दिल है तेरा

कौन से रंग का दिल है तेरा, चाहता क्या है? लटपट सी जबान ये तेरी कहती क्या है? चंचल सा जो मन है तेरा, सोचे क्या है? बहके से हैं कदम तुम्हारे, चला कहाँ है? कर सकता है सामना तो भागता क्यों है? अब तो चैन से सो ले, जागता क्यों है...

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Pain, Pain Go Away!

—:: Pain, Pain Go Away! ::— Pain, pain go away! My writhing heart now wants some play. I entertained you for so many years, With ranting, panting and floods of tears. Just spare me now and go your way, Pain, pain go...

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Moving On – A Poem

— :: Moving On (Poem) ::— Crying, crying all day long, Am I really growing strong? Sobbing, sobbing all alone Am I lost in the unknown? Shedding, shedding lots of tears Am I draining all my fears? Wasting, wasting all...

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